Kartik Mass: जानें, क्या है कार्तिक मास में स्नान करने की महिमा 

Kartik Mass: जानें, क्या है कार्तिक मास में स्नान करने की महिमा 

हमारे हिंदु धर्म में कार्तिक माह का बहुत महत्व है. इस माह का शारीरिक, मानसिक और आर्थिक रूप से बहुत महत्व है. कार्तिक माह शुरू हो चुका है. इस माह में स्नान करने का बहुत महत्व है.  शास्त्रों में कार्तिक मास की बड़ी महिमा बताई गई है. मान्यता है कि इस मास में सुबह उठकर पवित्र नदी, सरोवर या कुंड में स्नान कर भगवान विष्णु की आराधना करते हैं उनको श्रीहरी की कृपा प्राप्त होती है.

मान्यता है कि जो भक्त सूर्योदय के पूर्व उठकर स्नान करते हैं उनको सुख - समृद्धि और स्वास्थ्य लाभ की प्राप्ति होती है। जो श्रद्धालु कार्तिक महीने में समुद्र, पवित्र नदी, सरोवर या कुंड में स्नान करते हैं उन्हें अश्व मेघ यज्ञ जैसा लाभ होता है. कार्तिक स्नान और पूजा करने से सत्यभामा को श्रीकृष्ण की अर्द्धांगिनी बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ था.

मान्यता है कि इस माह में स्नान, दान और व्रत करने से सभी पाप नष्ट हो जाते हैं और तीर्थयात्रा के समान शुभफल की प्राप्ति होती है. प्रयाग कुंभ में संगम स्नान का जो फल मिलता है वही फल कार्तिक महीने में किसी पवित्र नदी के तट पर स्नान से मिल जाता है.

विज्ञान के दृष्टिकोण से भी कार्तिक स्नान को स्वास्थ्यवर्धक बताया गया है. बारिश के दिनों में धरती पर असंख्य हानिकारक जीव पनप जाते हैं। कार्तिक मास में वर्षा समाप्त होने के बाद धरती पर सूर्य की तेज किरणें पहुंचती है, जिससे हानिकारक जीवाणुओं का नाश होता है. वायु शुद्ध होती है और इससे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है.

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