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सावधान! बच्चों में लंबे समय तक रह सकता है कोरोना का असर?

सावधान! बच्चों में लंबे समय तक रह सकता है कोरोना का असर?

कोरोना महामारी कब किसे जकड़ ले, यह कोई नहीं जान सकता. कोरोना (corona virus) जैसी खतरनाक बिमारी से ऐसे कई सवाल जुड़े है जिनका जबाव अभी तक किसी को नहीं मिला है. सही बात करे तो वैज्ञानिक भी अभीतक यह पता नहीं लगा पाए है कि आखिर यह बीमारी है क्या और इसका इलाज क्या है. लेकिन सबसे बड़ी चिंता का विषय बच्चों को लेकर है. हर माता पिता के गहन में एक ही सवाल है की क्या बच्चों पर कोरोना (corona virus) का असर लंबे समय तक रह सकता है?

देश में अभी भी कोरोना की दूसरी लहर का प्रकोप जारी है, तो वही विशेषज्ञों का कहना है कि भारत में कोरोना की तीसरी लहर (Corona third wave) कभी भी दस्तक दे सकती है. जो बच्चों के लिए बेहद ही खतरनाक साबित हो सकती है. ऐसे में अभिभावकों की चिंता जायज है. एक स्टडी में खुलासा हुआ है कि कोरोना (corona virus) से संक्रमित बच्चों में कोरोना का असर लंबे समय तक रह सकता है. स्टडी में मालूम हुआ है कि एडल्ट की तुलना में बच्चों में कोरोना के लक्ष्ण एक महीने या उससे अधिक समय तक बने रह सकते है. 

स्टडी के अनुसार करीब चार प्रतिशत छोटे बच्चों और किशोरों में कोरोना वायरस (corona virus) के लक्षण होने के एक महीने बाद भी कोरोना (corona virus) के लक्षण देखे गए है. स्टडी में पाया गया है कि बच्चों मे थकान, सिरदर्द और खुशबू नहीं आना जैसे लक्षण दो महीने के बाद खत्म हुए, हालांकि एक्सपर्ट इस मामले में किसी ठोस तथ्य तक नहीं पहुंचे हैं. वही डेल्टा वेरिएंट का खतरा भी चिंता का विषय बनता जा रहा है. विशेषज्ञों का मानना है कि डेल्टा वेरिएंट बच्चों को ज्यादा प्रभावित कर सकता है.

मोदी ने राज्यों को चेताया 

पीएम मोदी ने देश के सभी राज्यों को कोरोना की तीसरी लहर (Corona third wave)  को लेकर सावधानी बरतने की चेतावनी दी है. बीते शुक्रवार को पीएम मोदी ने देश में फिर से फैल रहे कोरोना के संक्रमण को लेकर एक हाईलेवल बैठक बुलाई थी. जिसमें देशभर में ऑक्सीजन की सप्लाई को तेजी से बढ़ाने के निर्देश दिए है. साथ ही राज्यों को दवाइयों का स्टॉक और अस्पतालों में बच्चों के लिए पर्याप्त बेड तैयार करने को कहा गया है. 

लग सकता है लॉकडाउन?

देश में कोरोना का संक्रमण एक बार फिर तेजी से फैलने लगा है. साथ ही मौतों का आंकड़ा बढ़ने लगा है. वही कोरोना की तीसरी लहर (Corona third wave) की आशंका होने लगी है. अगर देश में कोरोना की तीसरी लहर (Corona third wave) हावी होती है तो जानकारों का मानना है कि देश में एक बार फिर से देशव्यापी लॉकडाउन लगाया जा सकता है. क्योंकि कोरोना की तीसरी लहर (Corona third wave) दूसरी लहर से खतरनाक हो सकती है और बच्चों को प्रभावित कर सकती है. ऐसे में तीसरी लहर (Corona third wave) से बचने के लिए लॉकडाउन ही प्रभावी होगा. हालांकि केन्द्र सरकार द्वारा देशव्यापी लॉकडाउन लगाने की बात नहीं कही गई है. लेकिन आगामी त्योहारों में सावधानी नही बरती गई तो कोरोना का संक्रमण तेजी से फैल सकता है, ऐसे में लॉकडाउन ही उचित होगा.


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